सफलता की कहानी
(सेवा-संकल्प अभियान - सेवा की कहानी) स्व-सहायता समूह से जुड़कर सरोज ने संवारी अपनी जिंदगी, अब दूसरी महिलाओं के लिए भी बनीं आत्मनिर्भरता की राह
सीएससी केंद्र से गांव में दे रहीं ऑनलाइन सेवाएं, विभिन्न आजीविका गतिविधियों से वार्षिक आय पहुंची लगभग एक लाख रुपये







